धर्मपुर एक्सप्रेस। हमीरपुर
ग्राम पंचायत भगेटू के गांव भगेटू में रिटायर्ड सूबेदार मेजर रमेश मैहला के घर जन्माष्टमी के पावन अवसर पर उनकी बगिया में एक साथ 12 ब्रह्म कमल के फूल खिले।
रमेश मैहला ने बताया कि उनके लिए यह अत्यंत सौभाग्य की बात है कि जन्माष्टमी जैसे पावन पर्व के दिन ब्रह्म कमल खिले। उन्होंने कहा कि इन दिव्य पुष्पों को विधिवत पूजा-अर्चना के उपरांत महादेव शिव को अर्पित किया ।
धार्मिक मान्यता के अनुसार घर में ब्रह्म कमल का खिलना समृद्धि, सुख और शांति का प्रतीक माना जाता है। ब्रह्म कमल साल में एक बार खिलता है। यह आमतौर पर रात के समय 9:00 बजे से 12:00 तक खिलना शुरू होता है और धीरे-धीरे अपनी पंखुड़ियां खोलता है। इसकी सुगंध वातावरण को दिव्यता से भर देती है, लेकिन सुबह होते-होते यह मुरझा जाता है । जन्माष्टमी के पर्व पर इन फूलों का एक साथ खिलना ग्रामीणों के लिए भी आकर्षण और श्रद्धा का विषय बना।
धार्मिक और पौराणिक मान्यता है कि भगवान विष्णु और भगवान शिव का प्रिय पुष्प है और कैलाश पर्वत पर भगवान शिव की उपासना में इसका विशेष महत्व है। पौराणिक कथा में इसे “ब्रह्म कमल” इसलिए कहा जाता है क्योंकि मान्यता है कि सृष्टि रचना के समय यह कमल ब्रह्मा जी के हाथों से प्रकट हुआ था।
ब्रह्म कमल न केवल एक दुर्लभ प्राकृतिक पुष्प है बल्कि भारतीय संस्कृति और आस्था में इसका स्थान अत्यंत महत्वपूर्ण है। इसके खिलने को लोग भगवान का आशीर्वाद और शुभ अवसर मानते हैं।
Author: Dharampur Express
Himachal Pradesh






